Thursday, April 21, 2016

गुलजार


ऐ उम्र !
कुछ कहा मैँने,
पर शायद तूने सुना नहीं .. 
तू छीन सकती है बचपन मेरा,
पर बचपना नहीं!!

हर बात का कोई जवाब नही होता 
हर इश्क का नाम खराब नही होता। 
यु तो झूम लेते है नशेमें पीनेवाले 
मगर हर नशे का नाम शराब नही होता।

खामोश चहरे पर हजारों पहरे होते है 
हंसती आखों में भी जख्म गहरे होते है 
जिनसे अक्सर रूठ जाते है हम,
असल में उनसे ही रिश्ते गहरे होते है। 

किसी ने खुदासे दुआ मांगी 
दुआ में अपनी मौत मांगी,
खुदा ने कहा, मौत तो तुझे दे दू मगर,
उसे क्या कहु जिसने तेरी जिंदगी की दुआ मांगी .. 

हर इन्सान का दिल बुरा नहीं होता 
हर एक इन्सान बुरा नहीं होता 
बुझ जाते है दिये कभी तेल की कमी से ..  
हर बार कुसूर हवा का नहीं होता!!!



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